रजरप्पा में इस बार दिखेगा वेटिकन सिटी का नजारा, 51 फीट ऊंचा बनेगा भव्य दुर्गा पूजा पंडाल
रजरप्पा । शारदीय नवरात्र के आगमन में अब कुछ ही समय बाकी है और इसके साथ ही रजरप्पा कोयलांचल क्षेत्र में दुर्गा पूजा की तैयारियां जोर पकड़ने लगी हैं। बाजारों में त्योहार को लेकर रौनक बढ़ने लगी है, वहीं विभिन्न पूजा समितियां पंडाल और अन्य व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुट गई हैं।
रजरप्पा प्रोजेक्ट स्थित दुर्गा मंडप में इस बार दुर्गा पूजा महोत्सव को खास बनाने की तैयारी की जा रही है। श्री श्री दुर्गा पूजा समिति की ओर से यहां आकर्षक पंडाल तैयार कराया जा रहा है। इस वर्ष पंडाल की थीम इटली के वेटिकन सिटी पर आधारित होगी। पंडाल का निर्माण शुरू हो चुका है और धीरे-धीरे इसका स्वरूप सामने आने लगा है।
पूजा समिति के सचिव गजेंद्र चौधरी के अनुसार, पंडाल निर्माण पर करीब 7 लाख 75 हजार रुपये खर्च किए जा रहे हैं। पंडाल की लंबाई-चौड़ाई और डिजाइन को इस तरह तैयार किया जा रहा है कि श्रद्धालुओं को वेटिकन सिटी की झलक देखने को मिले। इसकी ऊंचाई करीब 51 फीट और चौड़ाई लगभग 70 फीट रखी जाएगी।
पंडाल तैयार करने की जिम्मेदारी रामगढ़ के पंकज टेंट हाउस को दी गई है। निर्माण कार्य में एक दर्जन से अधिक कारीगर और मजदूर जुटे हुए हैं। समिति के मुताबिक पूजा से जुड़े अन्य इंतजामों पर भी अलग से लाखों रुपये खर्च होने का अनुमान है।
दुर्गा पूजा के दौरान श्रद्धालुओं और बच्चों के मनोरंजन के लिए परिसर में करीब 10 तरह के झूले लगाए जाएंगे। इसके अलावा मौत का कुआं भी मेले में आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहेगा। विभिन्न प्रकार के खाद्य पदार्थों और अन्य सामान के स्टॉल भी लगाए जाएंगे।
पूजा समिति की ओर से सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करने की भी योजना बनाई गई है। इसके लिए अलग कमेटी का गठन किया गया है। इस बार प्रतिमा की ऊंचाई करीब 6 से 7 फीट रहने की बात कही गई है।
बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। पूरे पूजा क्षेत्र और आसपास के प्रमुख स्थानों पर करीब 60 सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा रजरप्पा थाना पुलिस के जवान भी सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगे, ताकि पूजा के दौरान किसी तरह की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो।
पूजा समिति के सचिव गजेंद्र चौधरी ने बताया कि आयोजन को सफल बनाने में स्थानीय लोगों का लगातार सहयोग मिल रहा है। समिति के सदस्य भी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए लगातार काम कर रहे हैं। उनका कहना है कि हर वर्ष की तरह इस बार भी दुर्गा पूजा को भव्य तरीके से आयोजित करने की तैयारी है।
रजरप्पा स्थित मां छिन्नमस्तिका मंदिर के कारण इस क्षेत्र का धार्मिक महत्व पहले से ही काफी अधिक है। नवरात्र के दौरान यहां दूर-दूर से श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना रहती है। मंदिर और आसपास के क्षेत्र को लेकर साधकों और श्रद्धालुओं में विशेष आस्था है।
स्थानीय धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नवरात्र के दौरान रजरप्पा क्षेत्र में आध्यात्मिक वातावरण और अधिक प्रभावशाली हो जाता है। इसी वजह से दुर्गा पूजा के साथ मां छिन्नमस्तिका मंदिर में भी श्रद्धालुओं की गतिविधियां बढ़ने की उम्मीद है। इस बार भव्य पंडाल, मेले और सुरक्षा की विशेष व्यवस्था के चलते रजरप्पा में दुर्गा पूजा लोगों के लिए खास आकर्षण का केंद्र बनने जा रही है।
