Bhopal NewsCivil ServicesDrug Free IndiaGood governanceMadhya Pradesh newsMP NewsNarendra ModiUPSCUPSC ResultUPSC SuccessWomen and Child DevelopmentYouth Leadershipअनुशासनअशोक पाण्डेआत्मचिंतनजनसेवानरेंद्र मोदीनर्मदा क्लबनशा मुक्त भारत अभियाननिर्मला भूरियाप्रशासनिक अधिकारीप्रेरणादायक भाषणभोपालभोपाल न्यूजभोपाल समाचारमंगुभाई पटेलमध्यप्रदेशमध्यप्रदेश जनसंपर्कमध्यप्रदेश समाचारमनोज श्रीवास्तवयुवायुवा शक्तिराज्यपालराज्यपाल मंगुभाई पटेलरामेश्वर शर्माराष्ट्र निर्माणराष्ट्रीयविकसित भारतसंकल्प फाउंडेशनसंतोष तनेजासंस्कारसिविल सेवासिविल सेवा चयनित प्रतिभागी

संस्कार, अनुशासन और विनम्रता से ही बनेगा विकसित भारत: राज्यपाल मंगुभाई पटेल

भोपाल।

मध्यप्रदेश के राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि भारत युवाओं का देश है और संयमित, अनुशासित तथा जीवन मूल्यों से संस्कारित युवा ही समाज और राष्ट्र के विकास की वास्तविक ताकत हैं। उन्होंने युवाओं से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नशा मुक्त भारत अभियान को जनआंदोलन बनाने की अपील करते हुए कहा कि प्रत्येक नागरिक को परिवार और समाज को नशा मुक्त बनाने में सक्रिय योगदान देना चाहिए।

राज्यपाल बुधवार को भोपाल के नर्मदा क्लब में संकल्प फाउंडेशन द्वारा आयोजित सिविल सेवा चयनित प्रतिभागियों के अभिनंदन एवं मार्गदर्शक सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने सिविल सेवा में चयनित अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि उनका सम्मान केवल परीक्षा में सफलता का नहीं, बल्कि उनके ज्ञान, संस्कार, उत्तरदायित्व और नेतृत्व क्षमता का सम्मान है, जो देश के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

पद का नहीं, व्यक्तित्व का होना चाहिए सम्मान

राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी बनने के बाद किसी भी व्यक्ति में पद का अहंकार नहीं होना चाहिए। अधिकारी जहां भी जाएं, उनके व्यवहार में संघर्ष के संस्कार, विनम्रता और संवेदनशीलता दिखाई देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सच्चा अधिकारी वही होता है जो समाज के अंतिम व्यक्ति की पीड़ा को समझे और सेवा भाव से कार्य करे।

उन्होंने प्रतिभागियों को वाणी में मधुरता, व्यवहार में धैर्य तथा वंचित और कमजोर वर्ग के प्रति समानुभूति रखने की सीख दी।

आत्मचिंतन को बताया सफलता का सबसे बड़ा मंत्र

राज्यपाल ने कहा कि जीवन में निरंतर सफलता पाने के लिए आत्मचिंतन आवश्यक है। उन्होंने सलाह दी कि प्रत्येक व्यक्ति को प्रतिदिन रात में सोने से पहले दिनभर के कार्यों का मूल्यांकन करना चाहिए और यह सोचना चाहिए कि क्या सही किया और क्या गलत। यदि अगले दिन गलतियों को नहीं दोहराने का संकल्प लिया जाए तो व्यक्ति प्रतिदिन बेहतर इंसान बन सकता है।

नशा मुक्त समाज बनाने का आह्वान

राज्यपाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रारंभ किए गए नशा मुक्त भारत अभियान का उल्लेख करते हुए कहा कि नशा केवल व्यक्ति ही नहीं, पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने और समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।

निर्मला भूरिया ने सफलता का मूल मंत्र बताया

महिला एवं बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया ने कहा कि सफलता कठोर परिश्रम, अनुशासन और योग्य मार्गदर्शकों के मार्गदर्शन का परिणाम होती है। उन्होंने चयनित प्रतिभागियों से उत्कृष्टता, विश्वसनीयता और संवेदनशीलता को अपने जीवन का आधार बनाने की अपील की।

उन्होंने कहा कि सफल अभ्यर्थी अपने संघर्ष और अनुभव नई पीढ़ी के साथ साझा करें तथा भविष्य में प्रशासनिक दायित्व निभाते समय महिलाओं, बच्चों और समाज के अंतिम व्यक्ति के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दें।

रामेश्वर शर्मा बोले- जनसेवा ही सर्वोच्च उद्देश्य

विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि अधिकारी और जनप्रतिनिधि दोनों का उद्देश्य जनसेवा है। इसलिए दोनों के बीच समन्वय और सहयोग आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सबसे गरीब और वंचित व्यक्ति को अपना परिवार मानकर कार्य करें। आपकी सफलता तभी सार्थक होगी जब वह राष्ट्र और समाज की उन्नति में योगदान दे।

मनोज श्रीवास्तव ने दिया प्रेरक संदेश

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग के अध्यक्ष श्री मनोज श्रीवास्तव ने कहा कि सपने केवल संकल्प, निरंतर प्रयास और संघर्ष से पूरे होते हैं। उन्होंने कहा कि सरकार पद देती है, लेकिन प्रतिष्ठा समाज देता है। संकल्प फाउंडेशन युवाओं में राष्ट्रप्रेम, मातृभाषा प्रेम और संस्कार विकसित करने का सराहनीय कार्य कर रहा है।

अन्य अतिथियों ने भी रखे विचार

लोक सेवा आयोग, मध्यप्रदेश के पूर्व अध्यक्ष श्री अशोक पाण्डे ने संविधान सम्मत जनसेवा, समानुभूति और सच्ची राष्ट्रभक्ति का संदेश दिया। वहीं संकल्प फाउंडेशन, दिल्ली के चेयरमैन श्री संतोष तनेजा ने मातृभाषा आधारित ज्ञान को विकसित भारत की सबसे बड़ी शक्ति बताया।

चयनित प्रतिभागियों और मार्गदर्शकों का हुआ सम्मान

कार्यक्रम में राज्यपाल मंगुभाई पटेल का शॉल, श्रीफल एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर स्वागत किया गया। राज्यपाल ने सिविल सेवा में चयनित प्रतिभागियों का अभिनंदन एवं उनके मार्गदर्शकों का सम्मान किया। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती की वंदना एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *